मल्टी और सोशल मीडिया के चलते ख़त्म हो रहा है भावनायों व संवेदनायों से जुड़े खतों का इंतजार
सुरभि न्यूज़ चंडीगढ़ राज कुमार आज एक खबर छपी है कि वर्तमान में जीमेल के जमाने में भी कोई खत लिखता है तो वह अखबार को बताए कि क्यों, कब, कितना और कैसे लिखता है इत्यादि। अखबार का नज़रिया साफ है। लेकिन हमने क्यों खत लिखना बंद कर दिए, यहContinue Reading









