सुरभि न्यूज़
कुल्लू, 23 दिसंबर
विश्व ध्यान दिवस के अवसर पर आर्ट ऑफ़ लिविंग संस्था द्वारा कुल्लू ज़िले में व्यापक स्तर पर ध्यान और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। मिडिया प्रभारी सुशांत शर्मा ने कहा कि इस अवसर पर आर्ट ऑफ़ लिविंग के स्वयंसेवकों और शिक्षकों ने स्कूलों, संस्थानों और विभिन्न सामाजिक केंद्रों में जाकर ध्यान के लाभों के बारे में जानकारी दी।
आर्ट ऑफ़ लिविंग कुल्लू की डीटीसी सोनाली कपूर ने जानकारी देते हुए बताया कि इस सेवा कार्य में सभी शिक्षक एवं स्वयंसेवक सक्रिय रूप से शामिल रहे। सभी स्थानों पर ध्यान के शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक लाभों पर प्रकाश डाला गया।
आर्ट ऑफ़ लिविंग के वरिष्ठ प्रशिक्षक सुंदर ठाकुर ने बताया कि अन्य प्रशिक्षकों के अतिरिक्त उन्होंने स्वयं ज़िला नशा मुक्ति केंद्र, आई टी आई शमशी, ज़िला कारागार, जीबी पंत पर्यावरण अनुसंधान तथा अकादमिक हिल्स स्कूल, आईटीआई शमशी, डी-एडिक्शन सेंटर भुंतर आदि संस्थाओं में स्वयंसेवकों के साथ ध्यान शिविर का आयोजन किया।
वहीं शिक्षक बलदेव ने कटराई और अन्य विभिन्न स्थानों पर ध्यान कार्यक्रम आयोजित किए। इनके अलावा अजीत, एपेक्स सदस्य प्रताप तथा आर्ट ऑफ़ लिविंग के स्वयंसेवकों के सहयोग से मनाली और आसपास के क्षेत्रों में भी कार्यक्रम संपन्न हुए।
पलचान में बिमला, नगर में शीतल, सेंसर में गीता तथा बदाह में सुषमा के सहयोग से ध्यान सत्र आयोजित किए गए। सभी के सामूहिक प्रयासों से कुल्लू ज़िले में विश्व ध्यान दिवस को उत्साहपूर्वक और सफलतापूर्वक मनाया गया।
इस आयोजन से लोगों में ध्यान के प्रति जागरूकता बढ़ी और मानसिक शांति का संदेश जन-जन तक पहुंचाया। ध्यान की मुहिम में सोनम डोल्मा तथा अन्य प्रशिक्षकों के साथ वरिष्ठ स्वयंसेवक डोली ठाकुर, ज्ञान चंद शाशनी, देचिन, चेतन तथा प्रेस प्रभारी सुशांत शर्मा ने भाग लिया।















