उल्लेखनीय है कि डीईआईसी के ऑडियोलॉजिस्ट के स्थानांतरण के कारण पिछले लगभग चार महीनों से यह सेवा बंद पड़ी थी, जिससे लोगों को अपने कानों की जांच करवाने के लिए काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था तथा अन्य जिलों में जाना पड़ता था।
लेकिन अब डीईआईसी कुल्लू एवं डीडीआरसी के संयुक्त प्रयासों से यह सुविधा पुनः यहीं उपलब्ध हो गई है। डीडीआरसी की ऑडियोलॉजिस्ट नेहा द्वारा BERA जांच प्रक्रिया विधिवत रूप से प्रारंभ कर दी गई है।
अब सभी आवश्यक श्रवण जांच सुविधाएं स्थानीय स्तर पर उपलब्ध होने से लोगों में खुशी का माहौल है। साथ ही अब कानों की दिव्यांगता से संबंधित प्रमाण पत्र भी कुल्लू में ही बन सकेंगे, जिससे आमजन को बड़ी राहत मिलेगी।
सम्फिया फाउंडेशन की निदेशक एवं डीईआईसी की प्रभारी डॉ. रेखा ने बताया कि इस पहल के लिए जिला प्रशासन का आभार व्यक्त किया जाता है, जिन्होंने हमारे अनुरोध को स्वीकार करते हुए इस महत्वपूर्ण सेवा को पुनः प्रारंभ करने की अनुमति प्रदान की।
चूंकि डीडीआरसी का संचालन रेड क्रॉस द्वारा किया जाता है, इसलिए रेड क्रॉस की नोडल अधिकारी तथा सहायक आयुक्त डॉ. जयबंती ठाकुर एवं सचिव मोदगिल जी का भी विशेष धन्यवाद, जिनके सहयोग से यह सेवा पुनः संभव हो पाई।
यह पहल न केवल बच्चों बल्कि समस्त जिले के नागरिकों के लिए लाभकारी सिद्ध होगी तथा श्रवण संबंधी समस्याओं की समय पर पहचान एवं उपचार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।










