सुरभि न्यूज़
कुल्लू-मनाली, परस राम भारती
हिमाचल प्रदेश में नशे के खिलाफ छेड़ी गई राज्यव्यापी एंटी-चिट्टा मुहिम दिन-प्रतिदिन जनआंदोलन का स्वरूप लेती जा रही है। शिमला से शुरू हुई यह जागरूकता मुहिम आगामी तीन माह तक प्रदेशभर में विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से जारी रहेगी, जिसमें समाज के हर वर्ग छात्र, अभिभावक, शिक्षण संस्थान, पुलिस प्रशासन और समाजसेवी संगठन बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। नशीले पदार्थों, विशेषकर चिट्टा जैसी घातक ड्रग के खिलाफ यह लड़ाई अब केवल सरकारी प्रयास नहीं बल्कि सामूहिक जनप्रतिबद्धता का रूप ले चुकी है।
जिला कुल्लू की पर्यटन नगरी मनाली में एक भव्य नशामुक्ति कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसकी पहल क्षेत्र के प्रख्यात समाजसेवी सुभाष ठाकुर ने की। कार्यक्रम में मनाली और आसपास के स्कूलों में पढ़ने वाले करीब 2500 छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और नशे से दूर रहने की शपथ ली।
कार्यक्रम में प्रोजेक्ट मिशन संभव के संस्थापक एवं सामाजिक कार्यकर्ता पंकी सूद तथा वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. सत्याब्रत वैध्य मुख्यवक्ता के रूप में उपस्थित रहे। दोनों वक्ताओं ने छात्रों को नशे के खतरों के बारे में जागरूक करते हुए जीवन में सकारात्मक दिशा, मजबूत इच्छाशक्ति और नशे से दूर रहने का प्रेरक संदेश दिया। युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि हिमाचल का भविष्य युवाओं के हाथों में है और उन्हें नशे की लत के दलदल से बचाना पूरी समाज की जिम्मेदारी है।
समाजसेवी सुभाष ठाकुर ने कहा कि नशे की समस्या को खत्म करने के लिए सबसे आवश्यक है कि हर व्यक्ति अपने घर से शुरुआत करे। परिवार और समाज दोनों को मिलकर युवाओं को सही दिशा दिखानी होगी। उन्होंने घोषणा की कि आने वाले समय में नशामुक्ति अभियान को हर स्कूल, हर गांव और हर मोहल्ले तक पहुंचाया जाएगा, जिसमें स्थानीय लोगों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
कार्यक्रम में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय मनाली, डीपीएस स्कूल मनाली, सरस्वती विद्या मंदिर मनाली, डे स्टार स्कूल मनाली, डीएवी पब्लिक स्कूल मनाली सहित विभिन्न शिक्षण संस्थानों के हजारों छात्रों ने हिस्सा लिया। इस अवसर पर डॉ. घनश्याम, उप-निरीक्षक पुलिस अनिल कुमार तथा अन्य सम्मानित अतिथि विशेष रूप से उपस्थित रहे।
नशामुक्त हिमाचल के संकल्प को नई गति देने वाले इस आयोजन ने मनाली में एक मजबूत संदेश दिया कि यदि समाज और सरकार मिलकर आगे आएं, तो नशे जैसी भयावह समस्या को जड़ से खत्म किया जा सकता है।











