सुरभि न्यूज़
ख़ुशी राम ठाकुर, बरोट
गत माह हुई भारी बारिश के कारण उहल नदी में वर्षों पुराना रूलिंग गाँव को जोड़ने वाला पक्का जुगसेऊ पुल बह गया है। जिस कारण लगभग दो माह से रूलिंग गाँववासियों का सम्पर्क शेष दुनिया से पूरी तरह से कट गया है। रूलिंग गाँव के 74 वर्षीय बुज़ुर्ग होशियार सिंह ने बताया कि यह पुल वर्ष 1964 को बनाया गया था। इस पुल से रूलिंग गाँव के साथ कोठी कोहड़, बड़ाग्रां, धरमाण, लोहारड़ी तथा चौहार घाटी क्षेत्र के लोगों को आने जाने की सुविधा मिल रही थी। मगर पुल के बह जाने से लोंगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
लोगों का कहना है कि रूलिंग गाँववासियों को कोठी कोहड़ में अपने पंचायत कार्यालय में सम्बन्धित कार्य को निपटाने के लिए अब उन्हें मजबूरन लगभग तीन घंटे का अतिरिक्त रास्ता तयकर पहुँचना पड़ रहा है। वहीँ कोठी कोहड़ में स्थित वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला तथा प्राथमिक पाठशाला में रूलिंग गाँव के पढ़ने वाले सभी बच्चों को दूसरे स्कूलों में पलायन करने को मजबूर होना पड़ा है।
लोगों को कोठी कोहड़ में शाखा डाकघर में कार्य निपटाने तथा सोसायटी से राशन लाने के लिए भारी परेशानी का सामना करना पद रहा है। रूलिंग गाँव के होशियार सिंह, रोशन लाल, अजीत सिंह, प्रेम सिंह व जिया लाल सहित गाँव के समस्त लोगों ने विधायक किशोरी लाल से मांग की है कि जुगसेऊ पुल का पुनर्निर्माण जल्द से जल्द किया जाए।










