सुरभि न्यूज़ | कुल्लू, 22 अक्टूबर
हिमाचल प्रदेश के उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, लोक परंपराओं और देव संस्कृति को देश-दुनिया तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम बन रहा है। समय के साथ इस उत्सव का स्वरूप और भव्य हुआ है तथा आज कुल्लू दशहरा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हिमाचल की सांस्कृतिक पहचान को नई ऊंचाइयां प्रदान कर रहा है।
उप मुख्यमंत्री ढालपुर स्थित रथ मैदान में आयोजित ग्लोबल डांस कार्यक्रम में विभिन्न देशों और प्रदेशों के कलाकारों की प्रस्तुतियां देखने के बाद संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि कुल्लू दशहरा हिमाचल प्रदेश का सबसे बड़ा मेला है। कुल्लू-मनाली की पहचान प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत से गहराई से जुड़ी है और यह उत्सव लंबे समय से गौरव, परंपरा तथा उत्साह के साथ मनाया जाता रहा है।
उन्होंने कहा कि इस बार ग्लोबल डांस के साथ राम राज्य की अवधारणा पर आधारित लेजर शो और ड्रोन शो जैसे नए आकर्षण उत्सव की भव्यता बढ़ा रहे हैं। दुनिया भर के लोग कुल्लू दशहरा का इंतजार करते हैं और इस आयोजन से हिमाचल की सांस्कृतिक पहचान को वैश्विक मंच मिल रहा है।
मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि इस वर्ष विदेशी कलाकार कुल्लू पहुंचे हैं। ग्लोबल डांस कार्यक्रम में संयुक्त राज्य अमेरिका, रूस, इंडोनेशिया, कजाकिस्तान और मलेशिया सहित विभिन्न देशों के कलाकारों ने अपनी पारंपरिक वेशभूषा में मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। इनके साथ लद्दाख, स्पीति और हिमाचल प्रदेश के कलाकारों ने भी अपनी लोक कला और परंपराओं का प्रदर्शन किया।
उन्होंने कहा कि ग्लोबल डांस विभिन्न देशों और संस्कृतियों के बीच आपसी समझ, सद्भाव और मित्रता को मजबूत करने का प्रभावी माध्यम है। ऐसे आयोजनों से हिमाचल के लोगों को विदेशी संस्कृतियों को करीब से जानने का अवसर मिलता है, जबकि अंतरराष्ट्रीय कलाकार हिमाचल की समृद्ध लोक कला, परंपराओं और जीवनशैली से परिचित होते हैं।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि विभिन्न संस्कृतियों के आपसी मेल-जोल से हिमाचल की लोक संस्कृति कमजोर नहीं होती, बल्कि उसकी विशिष्टता और अधिक निखरकर सामने आती है। सांस्कृतिक आदान-प्रदान के बीच प्रदेश की पारंपरिक कला और लोक विरासत अपनी अलग पहचान बनाए रखती है।
ग्लोबल डांस कार्यक्रम का सबसे आकर्षक दृश्य उस समय देखने को मिला, जब पहाड़ी गीत ‘लगा डोलो रा धमाका’ की धुन पर नाटी प्रस्तुत की गई। हिमाचली लोक संगीत की लय पर विदेशी कलाकार भी खुद को थिरकने से नहीं रोक पाए। पारंपरिक नृत्य की इस प्रस्तुति ने दर्शकों का मन मोह लिया और सांस्कृतिक एकता, आपसी सद्भाव तथा अंतरराष्ट्रीय मैत्री का संदेश दिया।
कार्यक्रम के दौरान उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने भगवान रघुनाथ जी के शिविर में पहुंचकर दर्शन किए और आशीर्वाद प्राप्त किया। उन्होंने दशहरा उत्सव में विभिन्न विभागों की ओर से लगाई गई प्रदर्शनियों का अवलोकन भी किया। इसके अतिरिक्त वह लाल चंद प्रार्थी कला केंद्र में आयोजित कुल्लू दशहरा की दूसरी सांस्कृतिक संध्या में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
इस अवसर पर हिमाचल कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल, कुल्लू के विधायक सुंदर सिंह ठाकुर, मिल्कफेड अध्यक्ष बुद्धि सिंह ठाकुर, एपीएमसी कुल्लू एवं लाहौल-स्पीति के अध्यक्ष राम सिंह मियां, जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष शेष राम आजाद, महासचिव वीरेंद्र कुमार, उपायुक्त कुल्लू अमित कुमार शर्मा, पुलिस अधीक्षक अभिषेक एस. पायसकर, नगर परिषद कुल्लू की अध्यक्ष आशा ठाकुर, उपाध्यक्ष शालिनी सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।











