सुरभि न्यूज़
प्रताप अरनोट, कुल्लू
रंगमंच गांव गांव आंगन आंगन की अवधारणा के अन्तरगत रंगमंच में पिछले 25 वर्षों से सक्रिय संस्था ऐक्टिव मोनाल कल्चरल ऐसोसिएषन कुल्लू के कलाकार अपने नए नाटक ‘दुग्ध धेनू’ का मंचन 29 मार्च रविवार शाम साढ़े छः बजे कुल्लू स्थित लंका बेकर गांव के अम्बेदकर पार्क में होने जा रहा है।
नाटक के लेखक एवं निर्देषक केहर सिंह ठाकुर का कहना है कि यह नाटक किसी समय में कुल्लू क्षेत्र में एक ऐसे राजा के राज्य को दिखाता है जिसे औरतों के दूध की खीर खाने की आदत पड़ गई थी और वह गर्भवती महिलाओं को ही दूध के लालच में अपने तहखाने में जमा करने लगा था।
नाटक उन पीड़ित महिलाओं द्वारा लोकनाट्य हिरणातर जिसे स्थानीय भाषा में हौरन कहते हैं। हौरन की आढ़ में मुखौटे पहन पहन कर नाचते नाचते मौका पाकर अपने साथ रखी गई दराटियों से पापी राजा का अंत कर सके और इस तरह के पापी विचार रखने वाले राजा को नारी शक्ति द्वारा देवधरा से मिटा देने को दिखाता है।
संस्था के कलाकार पूरे ज़ोर शोर से नाटक की रिहर्सल में लगे हैं और इसके मंचन को लेकर उत्साहित हैं। नाटक में केहर सिंह सहित रेवत राम विक्की, परमानन्द पिंकू, वैभव ठाकुर, सेजल, गीतांजलि, जिया, सोनिया, आशु शर्मा, गौरव, आंचल, अनन्या व समृद्धि आदि कलाकार अपनी अभिनय कला का प्रदर्शन करेंगे, जबकि मंच पार्ष्व में मीनाक्षी, शिबांगिनी व पायल अपने अपने कार्य को अन्जाम देंगी।














