सुरभि न्यूज़
केलांग, 23 अक्टूबर
जिला परिषद सम्मेलन कक्ष केलांग में जिला परिषद अध्यक्ष ठिनले दिचेन की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में जिले के विभिन्न विकास कार्यों की समीक्षा की गई। बैठक में पर्यटन सुविधाओं के विस्तार, जनसमस्याओं के समाधान तथा विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर विकास कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने पर विशेष जोर दिया गया।
बैठक में एकीकृत जनजातीय विकास परियोजना (आईटीडीपी) के परियोजना अधिकारी अश्वनी कुमार, जिला पंचायत अधिकारी एवं जिला परिषद सचिव संजय कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और जिला परिषद सदस्य उपस्थित रहे।
बैठक में जिले के प्रमुख पर्यटन स्थलों को चिह्नित कर वहां पर्यटकों की सुविधा के लिए बेहतर व्यवस्थाएं विकसित करने पर चर्चा की गई। पुलिस और सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) के सहयोग से उपयुक्त पार्किंग स्थलों की पहचान करने का मुद्दा उठाया गया।
इसके अतिरिक्त प्रमुख पर्यटन स्थलों पर सार्वजनिक शौचालय, सूचना एवं दिशा-निर्देश बोर्ड, सुरक्षा व्यवस्था और रेलिंग स्थापित करने की आवश्यकता पर बल दिया गया। त्रिलोकीनाथ बस स्टैंड के समीप स्थानीय लोगों और पर्यटकों की सुविधा के लिए शौचालय निर्माण का मुद्दा भी बैठक में उठाया गया।
विद्युत विभाग से संबंधित मामलों की समीक्षा के दौरान ग्राम पंचायत सिस्सू तथा शाशिन नाला क्षेत्र में ट्रांसफॉर्मर की क्षमता बढ़ाने और उसकी स्थापना की स्थिति पर चर्चा की गई। साथ ही विद्युत लाइनों को भूमिगत करने की संभावनाओं का आकलन करने पर भी विचार-विमर्श हुआ।
लोक निर्माण विभाग और जल शक्ति विभाग से संबंधित विकास कार्यों की भी समीक्षा की गई। बैठक में विभिन्न क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने और लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
पंचायत भवन, आंगनवाड़ी और स्कूलों से जुड़े मुद्दे उठे
ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग से संबंधित चर्चा में ग्राम पंचायत गौशाल में पंचायत घर के निर्माण तथा आंगनवाड़ी भवन की उपलब्धता का मुद्दा उठाया गया। संबंधित विभाग की ओर से वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में आंगनवाड़ी केंद्र शुरू करने के संबंध में जानकारी दी गई।
वहीं, ग्राम पंचायत कोलोंग में राजकीय प्राथमिक पाठशाला को दोबारा खोलने की मांग पर भी चर्चा की गई। इन मुद्दों के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा और बाल विकास से जुड़ी सुविधाओं को मजबूत करने की आवश्यकता सामने आई।
एचआरटीसी से संबंधित चर्चा में बस सेवाओं की समय-सारणी में सुधार करने तथा जिन क्षेत्रों में अभी तक बस सुविधा उपलब्ध नहीं है, वहां परिवहन सुविधा उपलब्ध करवाने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया। बैठक में ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में लोगों की आवाजाही को सुगम बनाने के लिए बेहतर परिवहन व्यवस्था की जरूरत पर बल दिया गया।
कृषि एवं बागवानी विभाग की समीक्षा के दौरान किसानों और बागवानों को फसलों तथा फल-सब्जियों में होने वाली बीमारियों के प्रति जागरूक करने के लिए गांव-गांव में जागरूकता शिविर आयोजित करने पर जोर दिया गया।
इसके साथ ही अनधिकृत रूप से पौधों की बिक्री पर रोक लगाने के लिए पुलिस के सहयोग से आवश्यक कार्रवाई करने तथा विभिन्न विभागों में स्वीकृत पदों से संबंधित विवरण शीघ्र प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
काजा में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने की आवश्यकता
स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित चर्चा में काजा क्षेत्र में चिकित्सकों की उपलब्धता, दवाइयों, एम्बुलेंस तथा आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने की आवश्यकता पर बल दिया गया। बैठक में कहा गया कि दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को समय पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाना जरूरी है।
बैठक में जिला परिषद उपाध्यक्ष सुरेश कुमार, जिला परिषद सदस्य राम सिंह (कोलोंग), पूनम देवी (जाहलमा), रूब देई (उदयपुर), शशि किरण (केलांग), सोनम बोध (सिस्सू) तथा रणजीत (त्रिलोकीनाथ) सहित जल शक्ति विभाग के अधिशाषी अभियंता अजय गुप्ता, लोक निर्माण विभाग के अधिशाषी अभियंता अश्वनी कुमार गुलेरिया, विद्युत विभाग के अधिशाषी अभियंता सूर्या शर्मा, नायब तहसीलदार शेर सिंह, कृषि विभाग के निदेशक चौधरी राम तथा एचआरटीसी के क्षेत्रीय प्रबंधक अंचित शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।











