सुरभि न्यूज़ ब्यूरो
कुल्लू
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जिला कुल्लू ने राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान शमशी जिला कुल्लू में कानूनी साक्षरता शिविर का आयोजन किया। 150 बच्चों को संबोधित करते हुए सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कुल्लू आभा चौहान ने राष्ट्रीय कानूनी सेवा दिवस जो हर साल 9 नंबम्बर को मनाया जाता है उसकी जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि भारत के संविधान अनुच्छेद 39 ए और उसकी समिति द्वारा की गई सिफारिशों के अनुसार केंद्र सरकार द्वारा कानून सेवा प्राधिकरण अधिनियम 1987 को अधिनियमित किया गया था, इस अधिनियम को 1994 के संशोधन अधिनियम के बाद 9 नवंबर 1995 में लागू किया गया।
इसके बाद से मुख्य अधिनियम के लिए कई संशोधन पेश किए। इस अवसर को मनाने के लिए पहली बार 1995 में राष्ट्रीय कानूनी विधिक सेवा दिवस मनाया गया था। तब से ही 9 नवंबर को प्रतिवर्ष विधिक सेवा दिवस के तौर पर मनाया जाता है।
उन्होंने बताया कि कानूनी सेवा दिवस मनाने का उद्देश्य देश भर में कमजोर वर्गों के लोगों को बिना किसी शुल्क के कानूनी सेवाएं प्रदान करना है, जिनमें महिलाएं, विकलांग व्यक्ति, अनुसूचित जनजाति, बच्चे, अनुसूचित जाति, मानव तस्करी पीड़ित और साथ ही प्राकृतिक आपदा पीड़ित शामिल हो सकते हैं।
सभी नागरिकों के लिये उचित निष्पक्ष और न्याय प्रक्रिया सुनिश्चित करने हेतु जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से 9 नवंबर को राष्ट्रीय विधिक सेवा दिवस मनाया जाता है। उन्होंने बताया कि किस प्रकार की मुफत कानूनी विधिक सेवाएँ है व कौन मुफत विधिक सेवाएं पाने के हकदार है, साथ ही में उन्होंने बच्चों को संविधान के महत्व, मौलिक अधिकारों, कर्तव्यों व सूचना के अधिकार की जानकारी दी।









