सुरभि न्यूज़
ख़ुशी राम ठाकुर, बारोट
प्रदेश सरकार ने भले ही प्रदेशभर में पशुपालकों तथा भेड़पालकों के उत्थान के लिए कई प्रकार की योजनाएं चला रखी है मगर यह योजनाएं धरातल पर नहीं उतर पा रही है, जिससे घाटीवासियों में बेहद रोष व्याप्त है।
कोठी कोहड़ पंचायत के पूर्व उपप्रधान रूप लाल ठाकुर व पूर्व उपप्रधान महेंद्र सिंह ने बताया कि छोटाभंगाल घाटी के कोठी कोहड़ वेटनरी डिस्पेंसरी में लगभग पांच वर्ष से फार्मासिस्ट का पद खाली चला हुआ है वहीँ कोठी कोहड़ में ही स्थापित भेड़- ऊन केंद्र में भी गत कई वर्षो से फार्मासिस्ट का पद खाली पड़ा हुआ है। जिस कारण कोठी कोहड़ पंचायत के पशुपालकों तथा भेड़पालकों को भारी असुविधाओं का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने बताया कि वेटनरी डिस्पेंसरी में बेशक फार्मासिस्ट की ड्यूटी लगा रखी है मगर समयानुसार फार्मासिस्ट के न मिलने से उन्हें भारी परेशानी भी झेलनी पड़ती है। उन्होंने कहा कि इस समस्या के बारे में पंचायत स्तर पर बैजनाथ क्षेत्र विधायक तथा पशुपालन विभाग को इस बारे में प्रस्ताव भी पारित किया है मगर उसके बावजूद भी इस समस्या का कोई भी समाधान नहीं हो पाया है।
उन्होंने विधायक किशोरी लाल तथा पशुपालन विभाग के उच्चाधिकारियों से मांग की है कि वेटनरी डिस्पेंसरी तथा भेड़ – ऊन केंद्र कोठी कोहड़ में खाली पड़े फार्मासिस्टों के पदों को तुरंत भरा जाए।











