सुरभि न्यूज़
ख़ुशी राम ठाकुर, बरोट (मंडी)
हिमाचल प्रदेश के जिला मंडी की पद्धर तहसील के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत जिल्हन के ग्रामीणों ने अपनी पुरानी मांग को लेकर एक बार फिर आवाज बुलंद कर दी है। ग्रामीणों की मांग है कि उनकी पंचायत को प्रशासनिक रूप से पद्धर तहसील से हटाकर पास ही स्थित उपतहसील टिक्कन के अंतर्गत शामिल किया जाए।
इस समस्या को लेकर पूर्व में भी पंचायत के दलाउसा गांव निवासी व समाजसेवी स्वर्गीय मंगल दास सहित कई पूर्व पंचायत प्रतिनिधियों ने प्रदेश सरकार और स्थानीय विधायकों को बार-बार प्रस्ताव पारित कर तथा मौखिक रूप से अवगत कराया था। इसके बावजूद आज तक इस प्रशासनिक समस्या का कोई समाधान नहीं निकल सका है।
ग्राम पंचायत जिल्हन के उपप्रधान सुखराम ठाकुर ने बताया कि पंचायत के तहत जिल्हन, हड़गाण, भरखाण, दलाउसा, शौधगण, माली रा डुग, फुलाधार, भरलेन, डंगर, फूटाखल, ग्वालन, लखवाण, शिल्हा स्वाड़ और सेदड़ा जैसे अनेक गांव आते हैं। विडंबना यह है कि ये सभी गांव टिक्कन स्थित उपतहसील कार्यालय से महज 5 से 8 किलोमीटर की दूरी पर स्थित हैं, जबकि इन्हें 20 से 28 किलोमीटर दूर पद्धर तहसील कार्यालय के अधीन रखा गया है। उपप्रधान ने कहा कि टिक्कन पास होने के बावजूद ग्रामीणों को पद्धर जाना पड़ता है, जो एक तरह से ग्रामीणों के साथ प्रशासनिक अन्याय है।
पंचायत के समस्त निवासियों की ओर से उपप्रधान ने प्रदेश सरकार और स्थानीय विधायक पूर्ण चंद ठाकुर से मांग की है कि जनहित को ध्यान में रखते हुए जिल्हन पंचायत को जल्द से जल्द उपतहसील टिक्कन के दायरे में लाया जाए। मामले पर द्रंग के स्थानीय विधायक पूर्ण चंद ठाकुर ने कहा कि जिल्हन पंचायत के लोगों की यह समस्या बेहद गंभीर है। उन्होंने आश्वासन दिया कि ग्रामीणों की सुविधा के लिए इस पूरी पंचायत को जल्द से जल्द टिक्कन उपतहसील के अंतर्गत लाने का पूरा प्रयास किया जाएगा।







