सुरभि न्यूज़
प्रताप अरनोट, केलांग : 13 अगस्त
लाहौल-स्पीति जिला में 11 अगस्त को मुंची नाला और चापौर नाला में आई फ्लैश फ्लड से सड़क, कुहल, पुलिया, पेयजल और सिंचाई योजनाओं सहित कृषि भूमि को नुकसान पहुंचा है। प्रशासन एवं राजस्व विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों का मौके पर निरीक्षण कर नुकसान का प्रारंभिक आकलन किया है।
राजस्व विभाग की रिपोर्ट के अनुसार चापौर नाला में आई बाढ़ से चापौर की ओर जाने वाली कुहल क्षतिग्रस्त हुई है। वहीं, मुंची नाले के उफान से तिन्नो से मुंची तक जाने वाली संपर्क सड़क करीब 700 मीटर तक क्षतिग्रस्त हो गई, जिससे क्षेत्र में आवागमन प्रभावित हुआ है।
फ्लैश फ्लड से जाइका परियोजना के तहत निर्मित टैंक और सौर सिंचाई पाइपों को भी भारी नुकसान पहुंचा है। मुंची नाले पर बनी पुलिया के दो डंगे, चार गार्डर और करीब 20 से 25 तख्ते बह गए। इसके अलावा आसपास की कुहलें तथा गांव की पेयजल योजना भी क्षतिग्रस्त हुई है।
प्रारंभिक आकलन के मुताबिक मुंची की ओर जाने वाली निजी कुहल करीब 70 मीटर तक क्षतिग्रस्त हुई है। कृषि भूमि भी बाढ़ और मलबे की चपेट में आई है। खसरा नंबर 306 में ब्रोकली की फसल वाले करीब 00-12-00 बीघा खेत में लगभग डेढ़ फुट तक मलबा जमा हो गया। वहीं, खसरा नंबर 304 में करीब 00-03-00 बीघा भूमि प्रभावित हुई तथा सिंचाई के लिए बिछाई गई 63 मीटर लंबी 50 पाइपें भी क्षतिग्रस्त हो गईं।
नुकसान का जायजा लेने के लिए 12 अगस्त को एसडीएम नागरिक केलांग कुनिका ऐकर्स, तहसीलदार केलांग विकास कुमार, गिरदावर-कानूनगो, विभिन्न विभागों के अधिकारी और तिन्नो के ग्रामवासी मौके पर मौजूद रहे। अधिकारियों ने प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण कर क्षतिग्रस्त सड़क, कुहल, पेयजल एवं सिंचाई योजनाओं सहित अन्य आधारभूत सुविधाओं की स्थिति का जायजा लिया।
प्रशासन ने नुकसान का विस्तृत आकलन शुरू कर दिया है। संबंधित विभागों के माध्यम से क्षतिग्रस्त आधारभूत सुविधाओं की बहाली के लिए आवश्यक कार्रवाई की जा रही है, ताकि प्रभावित क्षेत्रों में पेयजल, सिंचाई और आवागमन जैसी आवश्यक सेवाओं को जल्द सामान्य किया जा सके।











